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ऋषिकेश में गुम हुए युवक की माता-पिता द्वारा की गुहार

ऋषिकेश। ऋषिकेश में हनुमंतपुरम गंगानगर निवासी एक युवक पिछले 70 दिनों से अज्ञात परिस्थितियों में लापता है। पुलिस ने अब तक उसकी तलाश में सफलता नहीं प्राप्त की है। माता-पिता, जो अपने इकलौते बेटे की चिंता में डूबे हुए हैं, इस अस्तित्व से परिपूर्ण रूप से बेहद परेशान हैं। उन्होंने ऋषिकेश कोतवाली पुलिस से लेकर डीजीपी तक सभी स्तरों पर गुहार लगाई है ताकि वे अपने बेटे की सुरक्षा के लिए सहायता प्राप्त कर सकें। हालांकि, अब तक बेटा मिला नहीं है। अगर जल्दी में बेटा नहीं मिलता है, तो माता-पिता ने ठान लिया है कि वे अपने जीवन को समाप्त कर देंगे।

गंगानगर हनुमंतपुरम गली नंबर 6 में रहने वाले पंकज कौशिक और रेखा कौशिक ने बताया कि उनका एक 23 वर्षीय बेटा मयंक कौशिक है। जो ऋषिकेश के एक निजी क्लीनिक में नौकरी करता है। 30 सितंबर की रात को बेटा नौकरी से वापस आया और खाना खाने के बाद वॉक करने के लिए घर से बाहर निकल गया। काफी देर बाद बेटे का घर पर फोन आया कि वह वॉक करके थोड़ी देर में आ जाएगा। लेकिन रात 11:00 बजे के बाद बेटे का मोबाइल स्विच ऑफ हो गया और वह घर पर नहीं लौटा। बेटे की चिंता होने पर वह कोतवाली पुलिस से मदद लेने पहुंचे। मगर पुलिस ने उनको अगले दिन आने के लिए कहा। एक अक्टूबर को पुलिस ने बेटे की गुमशुदगी दर्ज कर तलाश शुरू की। लेकिन पुलिस को बेटा कहीं नहीं मिला। जिसके बाद वह बेटे की तलाश तेज करवाने के लिए डीजीपी से भी मुलाकात करने पहुंचे। डीजीपी ने बेटे को जल्द तलाशने का आश्वासन दिया। फिर भी उनका बेटा घर नहीं लौटा है। बूढ़े माता-पिता अब रो-रो कर अपने बेटे को तलाश करने के लिए शहर वासियों से मदद मांग रहे हैं। माता-पिता का कहना है कि यदि उनका इकलौता बेटा जल्दी ही वापस नहीं मिला तो वह भी अपनी जीवन लीला समाप्त करने से पीछे नहीं हटेंगे।

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