उत्तराखंड में गोमुख यात्रा के दौरान महाराष्ट्र के एक 65 वर्षीय पर्यटक के करीब 130 मीटर गहरी खाई में गिरने का मामला सामने आया है। यह दुर्घटना चीडवासा से आगे कच्चीढांग के पास हुई, जहां अचानक पैर फिसलने से पर्यटक संतुलन खो बैठे और नीचे खाई में जा गिरे। इस घटना के बाद से स्थानीय प्रशासन और बचाव दलों द्वारा उनकी तलाश के लिए व्यापक अभियान चलाया जा रहा है।
कैसे हुआ हादसा
जानकारी के अनुसार, महाराष्ट्र से पर्यटकों का एक दल गंगोत्री से गोमुख की ओर यात्रा पर निकला था। यात्रा के दौरान चीडवासा से आगे कच्चीढांग नामक स्थान पर राम कुमार हनुमान गुप्ता नामक पर्यटक अचानक अपना संतुलन खो बैठे। पैर फिसलने के कारण वह रास्ते से लगभग 130 मीटर नीचे गहरी खाई में जा गिरे। इस अचानक हुई दुर्घटना के बाद उनके साथ यात्रा कर रहे अन्य साथियों में हड़कंप मच गया और उन्होंने तुरंत इसकी सूचना अधिकारियों को दी।
एसडीआरएफ और पुलिस की टीमें जुटीं तलाश में
घटना की सूचना मिलते ही प्रशासन ने त्वरित कार्रवाई करते हुए बचाव कार्यों की तैयारी शुरू कर दी। एसडीआरएफ, वन विभाग, पुलिस और स्थानीय पोर्टरों की एक 18 सदस्यीय संयुक्त टीम ने घटनास्थल पर पहुंचकर मोर्चा संभाला। बचाव दल ने खाई के भीतर और आसपास के संभावित स्थानों पर उतरकर लापता पर्यटक की सघन तलाश शुरू की। हालांकि, दुर्गम भौगोलिक परिस्थितियों के कारण बचाव कर्मियों को भारी सावधानी बरतनी पड़ रही है।
खराब मौसम ने बढ़ाई मुश्किलें
गोमुख क्षेत्र में लगातार खराब बने मौसम ने बचाव अभियान को काफी चुनौतीपूर्ण बना दिया है। क्षेत्र में लगातार हो रही बारिश, बर्फबारी और कम दृश्यता के चलते रेस्क्यू टीमों को कार्य करने में भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। फिसलन भरे रास्तों और गहरी खाई के कारण अभियान को व्यापक स्तर पर आगे बढ़ाने में दिक्कतें आ रही हैं। मौसम में सुधार होने के बाद तलाशी अभियान को और तेज किए जाने की उम्मीद जताई जा रही है।
साथी पर्यटक और परिजन सुरक्षित
लापता पर्यटक के साथ यात्रा कर रहे अन्य साथी पर्यटक फिलहाल गंगोत्री धाम के एक होटल में ठहरे हुए हैं। उनके साथ उनके परिजन भी मौजूद हैं जो लगातार बचाव अभियान की जानकारी ले रहे हैं। प्रशासन और रेस्क्यू टीमों की मुख्य प्राथमिकता जल्द से जल्द लापता पर्यटक का सुराग लगाना है। मौसम साफ होते ही तलाशी कार्यों को और अधिक व्यापक बनाने की योजना है।

