उत्तराखंड के हरिद्वार जिले में कानून व्यवस्था को बनाए रखने और अपराधों पर लगाम लगाने के लिए पुलिस लगातार कार्रवाई कर रही है। इसी कड़ी में हरिद्वार जिले की बहादराबाद पुलिस ने शादी का झांसा देकर भोले-भाले युवकों को ठगने और उनके साथ लूटपाट करने वाले एक बड़े अंतरराज्यीय गिरोह का सफलतापूर्वक भंडाफोड़ किया है। पुलिस ने इस मामले में एक कथित फर्जी दुल्हन समेत कुल पांच आरोपियों को गिरफ्तार करने में बड़ी सफलता हासिल की है। आरोपियों के कब्जे से भारी मात्रा में अवैध सामान, नकदी, मोबाइल फोन और नशीला पदार्थ बरामद किया गया है, जिसका इस्तेमाल वे वारदातों को अंजाम देने के लिए करते थे।
शादी के नाम पर ठगी की साजिश और काम करने का तरीका
पुलिस की शुरुआती जांच और खुलासे के अनुसार, यह गिरोह बहुत ही शातिर तरीके से और योजनाबद्ध रूप से सक्रिय था। आरोपी सीधे-साधे और भोले-भाले युवकों को अपने जाल में फंसाने के लिए पहले उन्हें शादी का प्रलोभन देते थे। जब युवक उनके झांसे में आ जाते थे, तब यह गिरोह अपनी अगली चाल चलता था। योजना के तहत, किसी बहाने से पीड़ित युवक को नशीला पदार्थ खिलाया जाता था, जिससे वह बेहोश हो जाता था। युवक के पूरी तरह अचेत या बेहोश होने के बाद, गिरोह के सदस्य मौके का पूरा फायदा उठाते थे और घर में रखी नकदी तथा अन्य कीमती सामान लेकर आसानी से फरार हो जाते थे।
बहादराबाद पुलिस द्वारा की गई गिरफ्तारियां और जब्ती
इस अंतरराज्यीय गिरोह के खिलाफ की गई कार्रवाई के दौरान बहादराबाद पुलिस ने कुल पांच आरोपियों को दबोचने में सफलता प्राप्त की है। पकड़े गए आरोपियों की पहचान रुकमीना, अब्दुल बारी, पुनीत कुमार, पुनीत की पत्नी और फतेह सिंह मीना के रूप में की गई है। पुलिस ने जब इनकी तलाशी ली और इनके ठिकानों पर कार्रवाई की, तो उनके पास से कई महत्वपूर्ण चीजें बरामद हुईं। आरोपियों के कब्जे से सत्तर हजार रुपये नकद, पांच मोबाइल फोन और संदिग्ध नशीला पाउडर बरामद किया गया है। इसके अलावा, इस पूरी आपराधिक घटना में परिवहन और भागने के लिए इस्तेमाल की गई एक बोलेरो कार को भी पुलिस ने पूरी तरह से सीज कर लिया है।
न्यायालय में पेशी और पुलिस की आगे की जांच
गिरफ्तारी की प्रक्रिया पूरी होने के बाद, पुलिस ने सभी पांचों आरोपियों को कानून के तहत माननीय न्यायालय के समक्ष पेश किया। अदालत के आदेश के बाद सभी आरोपियों को न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है। फिलहाल, हरिद्वार पुलिस और बहादराबाद थाना की टीम इन आरोपियों के पुराने आपराधिक इतिहास को खंगालने में जुटी हुई है। पुलिस यह भी पता लगाने का प्रयास कर रही है कि इस अंतरराज्यीय गिरोह ने उत्तराखंड या अन्य राज्यों में इस तरह की और कितनी वारदातों को अंजाम दिया है। इस नेटवर्क से जुड़े अन्य संभावित मामलों और सहयोगियों के बारे में भी गहनता से छानबीन की जा रही है ताकि गिरोह के पूरे नेटवर्क का पर्दाफाश किया जा सके।

