पहाड़ी क्षेत्रों में लगातार हो रही मूसलाधार बारिश के चलते सिक्किम में जनजीवन बुरी तरह बाधित हो गया है। राज्य के कई हिस्सों में नए सिरे से भूस्खलन होने के कारण राष्ट्रीय राजमार्ग-10 (NH-10) सहित कई मुख्य मार्ग अवरुद्ध हो गए हैं।
यातायात और परिवहन पर असर
सिलीगुड़ी और सिक्किम के बीच संपर्क का मुख्य जरिया माने जाने वाले राष्ट्रीय राजमार्ग-10 के 20 माइल क्षेत्र में भूस्खलन के कारण वाहनों की आवाजाही ठप हो गई है। ढलानों से लगातार बड़े पत्थर और मलबा गिरने से यह क्षेत्र काफी खतरनाक हो गया है। इसके अलावा सिंगताम-रंगपो मार्ग पर भी मलबा जमा होने से रास्ता बंद हो गया है। स्थानीय नागरिकों के साथ-साथ राज्य में घूमने आए पर्यटकों को भी भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है, और प्रशासन ने लोगों को प्रभावित क्षेत्रों से दूर रहने की सलाह दी है।
पश्चिम सिक्किम और अन्य मार्गों की स्थिति
खराब मौसम का असर पश्चिम सिक्किम में भी देखने को मिल रहा है, जहां रिम्बी-यूक्सोम सड़क पर भूस्खलन के कारण यातायात पूरी तरह रोक दिया गया है। पहाड़ की ढलानें अस्थिर होने की वजह से रिम्बी से होकर खेचुपेरी और ग्यालशिंग जाने वाले मार्गों पर भी मिट्टी और पत्थर जमा हो गए हैं। 20 माइल-बारदांग सड़क मार्ग भी जलजमाव और बारिश की चपेट में है। संबंधित विभाग रास्तों को साफ करने और यातायात सुचारू करने के लिए निरंतर काम कर रहे हैं।
तीस्ता नदी का बढ़ता जलस्तर
लगातार हो रही बारिश के कारण तीस्ता नदी का जलस्तर भी बढ़ गया है, जिससे निचले इलाकों में सुरक्षा के लिहाज से सतर्कता बढ़ा दी गई है। भूस्खलन और जलस्तर में वृद्धि की वजह से आसपास के क्षेत्रों में प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद है ताकि किसी भी आपात स्थिति से निपटा जा सके।

