उत्तराखंड के श्रीनगर गढ़वाल इलाके में पुलिस ने वाहन चोरी के एक मामले का खुलासा करते हुए दो किशोरों को संरक्षण में लिया है। आरोप है कि आरोपियों ने चोरी किए गए वाहन की पहचान छुपाने के लिए उसका मूल रंग स्प्रे से बदलकर काला कर दिया था और उसकी नंबर प्लेट भी हटा दी थी। हालांकि, पुलिस की सक्रियता और तकनीकी साक्ष्यों के उपयोग से चोर कानून की गिरफ्त से बच नहीं सके।
कैसे दिया गया था घटना को अंजाम
प्राप्त जानकारी के अनुसार, स्थानीय निवासी अमित रावत ने अपनी स्कूटी ब्रह्मकुमारी आश्रम के गेट के सामने खड़ी की थी। अगले दिन जब वह वहां पहुंचे तो उनका वाहन गायब मिला। वाहन मालिक की शिकायत के आधार पर संबंधित थाने में अज्ञात के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया गया था और जांच शुरू की गई थी।
सीसीटीवी और तकनीकी साक्ष्यों से मिली मदद
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस टीम ने घटनास्थल के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली। तकनीकी मदद और स्थानीय सूचना के आधार पर पुलिस संदिग्धों तक पहुंची। पूछताछ में सामने आया कि वाहन चुराने वाले दोनों किशोर स्थानीय स्कूलों में नौवीं और दसवीं कक्षा के छात्र हैं।
मौज-मस्ती के लिए उठाया कदम
पुलिस के अनुसार, दोनों किशोरों ने केवल मौज-मस्ती और वाहन चलाने के शौक के चलते बिना अनुमति स्कूटी हटाई थी। पकड़े जाने से बचने और वाहन की पहचान मिटाने के लिए उन्होंने स्प्रे पेंट का इस्तेमाल कर उसका रंग बदल दिया था और नंबर प्लेट भी निकाल फेंकी थी। पुलिस अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि इस तरह की वारदातों में शामिल पाए जाने वालों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

