कोलकाता के उत्तरी हिस्से में एक सामुदायिक दुर्गा पूजा पंडाल में भारी भीड़ के दबाव के चलते भगदड़ जैसी स्थिति पैदा हो गई। इस दुखद हादसे में कई लोगों के मारे जाने की आशंका जताई जा रही है, जबकि 35 से अधिक लोग गंभीर रूप से घायल हुए हैं। घायलों को तुरंत नजदीकी अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उनका इलाज जारी है।
कैसे हुआ हादसा?
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, शनिवार शाम को अचानक बारिश शुरू होने के बाद चोरबगान दुर्गा पूजा पंडाल के बाहर एकत्र भीड़ अचानक आगे की तरफ भागी। भारी भीड़ के दबाव और निकास द्वार के ढह जाने के कारण स्थिति बेकाबू हो गई और लोग सड़क पर गिर पड़े, जिससे भगदड़ मच गई। स्थिति को संभालने के लिए घटनास्थल पर आपदा प्रबंधन कर्मियों को तैनात किया गया है।
अधिकारियों और नेताओं का दौरा
घटना की सूचना मिलते ही पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी और मुख्य सचिव मनोज अग्रवाल ने कलकत्ता मेडिकल कॉलेज और अस्पताल का दौरा किया। उन्होंने वहां उपचाराधीन घायलों से मुलाकात की और उनकी स्थिति का जायजा लिया। इसके अलावा, स्वास्थ्य मंत्री सरदवात मुखर्जी और कई वरिष्ठ अधिकारी भी तुरंत अस्पताल पहुंचे।
दिग्गजों ने जताया दुख
राज्य की पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने भी इस दर्दनाक घटना पर गहरा शोक व्यक्त किया है। उन्होंने घायलों के शीघ्र स्वास्थ्य लाभ की कामना की और शोक संतप्त परिवारों को इस कठिन समय में संबल मिलने की प्रार्थना की। हालांकि कुछ मीडिया रिपोर्टों में मृतकों की पुष्टि की गई है, लेकिन प्रशासन की ओर से अभी आधिकारिक आंकड़े की प्रतीक्षा की जा रही है।

