पश्चिम एशिया में स्थित अमेरिकी मिशनों ने रविवार को एक नया सुरक्षा अलर्ट जारी करते हुए अपने नागरिकों से अत्यधिक सतर्कता बरतने की अपील की है। यह चेतावनी ईरान और उसके समर्थित समूहों द्वारा अमेरिकी हितों को निशाना बनाए जाने की संभावना के बीच दी गई है।
हूती हमलों और क्षेत्रीय तनाव का असर
हाल के दिनों में यमन के हूती विद्रोहियों द्वारा सऊदी अरब के खिलाफ ड्रोन और मिसाइल हमलों में तेजी आई है, जिससे क्षेत्र में सुरक्षा चिंताएं काफी बढ़ गई हैं। रियाद के किंग खालिद इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर हुए एक घातक हमले के बाद हालात और गंभीर हो गए हैं। अमेरिका हूती समूहों को तेहरान के क्षेत्रीय नेटवर्क का एक प्रमुख हिस्सा मानता है, जिसे हथियार और प्रशिक्षण मिलता है।
नागरिकों के लिए यात्रा संबंधी निर्देश
पश्चिम एशिया की यात्रा करने वाले अमेरिकी नागरिकों को एयरपोर्ट और उड़ानों के संचालन से जुड़ी जानकारियों पर लगातार नजर रखने की सलाह दी गई है। इसके साथ ही यात्रियों को पहले से ही आपातकालीन योजना तैयार करने के लिए कहा गया है। अधिकारियों का मानना है कि मौजूदा शत्रुता और तनाव बिना किसी पूर्व चेतावनी के तेजी से फैल सकते हैं।
यमन संघर्ष और कूटनीतिक स्थिति
यमन में चल रहा संघर्ष अक्टूबर के महीने में तब और तेज हो गया जब पिछले कई वर्षों से चला आ रहा अनौपचारिक संघर्षविराम टूट गया। इसके बाद से सीमा पार हमलों में बढ़ोतरी हुई है। यमन का यह गृहयुद्ध वर्ष 2014 में तब शुरू हुआ था जब हूती विद्रोहियों ने राजधानी सना पर कब्जा कर लिया था। वर्तमान में नए क्षेत्रीय घटनाक्रमों के कारण तनाव का दायरा और अधिक विस्तृत होने की आशंका जताई जा रही है।

