उत्तराखंड में चारधाम यात्रा के दौरान हुए एक दर्दनाक हेलीकॉप्टर हादसे में बेंगलुरु के सेंट्रल क्राइम ब्रांच (सीसीबी) के इंस्पेक्टर अरुण सालुंके समेत कर्नाटक के पांच नागरिकों की मृत्यु हो गई है। यह दुर्घटना जोशीमठ के पास हुई, जिसमें सालुंके के अलावा वकील सुधीर और शंकर गौड़ा, तुमकुरु के हुलियुरदुरगा निवासी एचएस नटराज और ठेकेदार प्रताप गौड़ा भी शामिल थे। इस अचानक हुए हादसे से मृतकों के परिवारों और उनके परिचितों में भारी मायूसी और शोक की लहर दौड़ गई है।
शोक में डूबा परिवार और पैतृक गांव
मूल रूप से बेलगावी जिले के अथानी तालुक के अरातला गांव के रहने वाले अरुण सालुंके 2007 बैच के पुलिस अधिकारी थे। उनके परिवार में उनकी पत्नी और दो बच्चे हैं। उनके निधन की खबर मिलते ही उनके पैतृक गांव में मातम पसर गया है। उनके परिवार के सदस्यों और दोस्तों का रो-रोकर बुरा हाल है। स्थानीय परिचितों और पड़ोसियों ने उन्हें एक बेहद मिलनसार, नेक दिल और कर्तव्यनिष्ठ इंसान के रूप में याद किया है।
पुलिस सेवा में उल्लेखनीय योगदान
अपने करियर के दौरान इंस्पेक्टर सालुंके ने बेंगलुरु के कई थानों में अपनी सेवाएं दी थीं, जिनमें इंदिरानगर और बनासवाड़ी थाने प्रमुख हैं। बनासवाड़ी थाने में उनके कार्यकाल के दौरान, पुलिस विभाग की ‘लोकास्पंदना’ पहल के तहत जनता से मिले सकारात्मक फीडबैक के आधार पर उस थाने को ‘सर्वश्रेष्ठ पुलिस थाने’ का सम्मान मिला था। कुछ महीनों से वह सीसीबी के विशेष जांच विभाग में अपनी सेवाएं दे रहे थे।
खराब मौसम के बीच हुआ हादसा
प्राप्त जानकारी के अनुसार, दुर्घटना से कुछ समय पहले यात्रा दल के एक सदस्य ने अपने एक परिचित को फोन करके वहां के मौसम की जानकारी दी थी। बताया गया कि जोशीमठ क्षेत्र में भारी कोहरे और अत्यधिक ठंड के कारण हेलीकॉप्टर को उड़ान भरने से पहले इंतजार करना पड़ा था। इस दुर्भाग्यपूर्ण घटना ने पूरे पुलिस महकमे और पीड़ित परिवारों को गहरे सदमे में डाल दिया है।

