मदरसे में पढ़ने वाले बच्चों को मिले आधुनिक शिक्षा, इसके लिए किया गया काम : मुख्यमंत्री

मुख्यमंत्री  पुष्कर सिंह धामी ने विधानसभा के विशेष सत्र के दौरान कहा कि प्रदेश में सभी लोग प्रेमपूर्वक रहते हैं। यहां सभी में सद्भाव है। उन्होंने कहा राज्य सरकार – सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास और सबका प्रयास के ध्येय के साथ काम कर रही है। मुख्यमंत्री ने कहा सबको शिक्षा का अधिकार मिले, इसके अंतर्गत मदरसा बोर्ड पर कार्य किया गया है।  सीएम धामी ने कहा कि शिक्षा के मामले में समाज को न बांटा जाए। सरकार किसी को भी शिक्षा के नाम पर बांटना नहीं चाहती। आपसी सद्भाव को बढ़ाने का काम कर रहे हैं। सभी को शिक्षा का अधिकार मिले, इस दिशा में काम कर रहे हैं। शिक्षा के मामले में न अल्पसंख्यक और न कोई बहुसंख्यक है। मदरसे में पढ़ने वाले बच्चों को आधुनिक और अच्छी शिक्षा , साइंस एंड टेक्नोलॉजी, इनोवेशन, ए.आई का लाभ मिले, इसके लिए काम किया गया है। विरासत और इतिहास से सबक लेते हुए – हम आगे बढ़ने का काम कर रहे हैं। अगर इतिहास में कुछ अच्छा नहीं हुआ है तो उसे भी बताना पड़ेगा।
हमारी सरकार में ही आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों का मानदेय बढ़ा : मुख्यमंत्री
मुख्यमंत्री ने आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों पर बोलते हुए कहा कि हमारी सरकार में ही आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों का मानदेय बढ़ा है। इसलिए आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों को उम्मीद भी हमारी सरकार से है। उन्होंने कहा भविष्य में भी आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों की मांग को हम लोग ही पूरा करेंगे।

Share this content:

मेमोयर्स पब्लिशिंग उत्तराखंड पत्रकारिता के उच्च मापदंडों पर निरंतर गतिमान रहने के लिए प्रतिबद्ध है. ख़बरों की निष्पक्षता ही हमारा मुख्य उद्देश्य है. ख़बरों के सकारात्मक पक्ष को उजागर करना हम अपना दायित्व समझते है, हम डिजिटल मीडिया प्लेटफॉर्म के द्वारा समाचारों, विचारों, साक्षात्कारों की नई श्रृंखला के साथ- साथ खोजी ख़बरों को कुछ हटकर पाठकों तथा दर्शकों के सामने लाने का प्रयास कर रहे है। हमारा ध्येय है कि हमारी खबरें जनसरोकारी हो, निष्पक्ष हों, सकारात्मक हो, रचनात्मक हो, पाठकों तथा दर्शकों का मार्गदर्शन करने में सहायक हो।

Previous post

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी बोले, महिला सशक्तिकरण के प्रयासों पर न हो किसी भी प्रकार की राजनीति,मुख्यमंत्री धामी ने नारी शक्ति वंदन अधिनियम पर आयोजित विधानसभा के विशेष सत्र को किया संबोधित

Next post

दस दिन में चार लाख से अधिक श्रद्धालु पहुंचे चारधाम