कैदियों को राखी बांधकर मनाया रक्षाबंधन हरिद्वार की सोच

पीयूष वालिया
अमित मंगोलिया

हरिद्वारः हिन्दू संस्कृति में रक्षाबंधन पर्व भाई-बहन के पवित्र सम्बन्ध को और मजबूत बनाता है। यह पर्व श्रावण मास की पूर्णिमा को मनाया जाता है। संतश्री आशारामजी बापू आश्रम, हरिद्वार की ओर से एकादशी के पावन अवसर पर साधिकाओं ने रोशनाबाद जेल में कैदियों को राखी बांधी व आश्रम का सत्साहित्य वितरित किया। जेल में अपने बीच साधिका बहनों को पाकर कैदी भावविभोर हो गये। हिन्दूओं के साथ-साथ मुस्लिम व सिक्ख कैदियों ने भी राखी बन्धवाई और मिठाई खाई।

सर्वविदित है कि आशारामजी बापू सत्संगों में सदैव प्रेम व भाईचारे का संदेश देते आये हैं और उनके इस संदेश को जन-जन तक पहुँचाने के लिये देश की अनेक जेलों में साधिका बहनों द्वारा कैदी भाईयों को राखी बांधकर यह पर्व मनाया जाता है।

आश्रम मीडिया प्रभारी अलका शर्मा ने बताया कि पवित्र पुत्रदा एकादशी पर आश्रम परिसर में, माला पूजन और विशाल हवन का आयोजन किया गया जिसमें दूर-दूर से आये भक्तों ने भाग लेकर पुण्य अर्जन किया।

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