केदारनाथ में क्यों उठ रहे विरोध के सुर; तीर्थपुरोहित और हक-हकूकधारियों का आज से आमरण अनशन

वायु प्रदूषण

केदारनाथ के तीर्थपुरोहित और हक-हकूकधारियों का  जून 2013 की आपदा में केदारनाथ में भवन व भूमि खो चुके प्रभावितों को भूस्वामित्व देने सहित अन्य मांगों को लेकर आज सोमवार से आमरण अनशन शुरू हो गया है। वहीं चारधाम तीर्थ महापंचायत ने भी आंदोलन को अपना समर्थन दिया है।

बता दें कि वरिष्ठ तीर्थपुरोहित व केदारसभा के सदस्य उमेश पोस्ती ने कहा कि आपदा में अपने भवन, भूमि खो चुके लोगों को भूस्वामित्व देने की मांग लंबे समय से की जा रही है, लेकिन सरकार उनकी कोई सुध नहीं ले रही है। केदारनाथ में 24 घंटे तक व्यापारिक गतिविधियां बंद रखने के बाद भी सरकार की ओर से अपना पक्ष नहीं रखा गया है। उन्होंने पुनर्निर्माण के तहत केदारनाथ में बनाए जा रहे तीन से चार मंजिला भवनों को लेकर भी नाराजगी जताई। कहा, सरकार केदारनाथ को जोशीमठ बनाने का काम कर रही है।

केदार सभा के अध्यक्ष राजकुमार तिवारी ने कहा कि जब तक मांगों पर ठोस कार्रवाई नहीं की जाती आंदोलन जारी रहेगा। धरनारत सभी लोगों ने  केदार सभा के बैनर तले चार सूत्री मांगों को जल्द पूरा न करने पर चारों धामों में आंदोलन किया जाएगा।म

Share this content:

मेमोयर्स पब्लिशिंग उत्तराखंड पत्रकारिता के उच्च मापदंडों पर निरंतर गतिमान रहने के लिए प्रतिबद्ध है. ख़बरों की निष्पक्षता ही हमारा मुख्य उद्देश्य है. ख़बरों के सकारात्मक पक्ष को उजागर करना हम अपना दायित्व समझते है, हम डिजिटल मीडिया प्लेटफॉर्म के द्वारा समाचारों, विचारों, साक्षात्कारों की नई श्रृंखला के साथ- साथ खोजी ख़बरों को कुछ हटकर पाठकों तथा दर्शकों के सामने लाने का प्रयास कर रहे है। हमारा ध्येय है कि हमारी खबरें जनसरोकारी हो, निष्पक्ष हों, सकारात्मक हो, रचनात्मक हो, पाठकों तथा दर्शकों का मार्गदर्शन करने में सहायक हो।