देहरादून की सड़कों पर जल्द दौड़ेगा “स्मार्ट ट्रांसपोर्ट”, मोबाइल ऐप से जानें बस और विक्रम की रीयल-टाइम लोकेशन!
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Toggleआरटीओ देहरादून के अधिकारी संदीप सैनी ने बताया कि शहर में चल रही लगभग 700 से अधिक पब्लिक ट्रांसपोर्ट वाहनों को GPS से लैस किया जाएगा। कुछ मैजिक पहले ही जीपीएस से जुड़ चुके हैं। एक बार यह सिस्टम पूरी तरह तैयार हो गया, तो यात्रियों को यह पता चल सकेगा कि कौन-सी बस, विक्रम या मैजिक कितनी देर में उनके स्टॉप तक पहुंचेगी।
5 जून, पर्यावरण दिवस पर जब आरटीओ विभाग के सभी अधिकारी और कर्मचारी सार्वजनिक परिवहन से ऑफिस पहुंचे, तो उन्हें खुद कई मुश्किलों का सामना करना पड़ा। किस रूट पर कौन सी बस चलती है? किस समय विक्रम मिलेगा? इसकी जानकारी न होने से देरी और असुविधा हुई। इसके बाद सभी ने फीडबैक दिया और तय किया गया कि एक समर्पित मोबाइल ऐप की ज़रूरत है।
चंद्रमणि से हरिद्वार ऑफिस जाने वाली युवती सुदर्शन शेट्टी बताती हैं कि उन्हें दो बार ट्रांसपोर्ट बदलना पड़ता है, लेकिन समय की जानकारी न होने से ऑफिस देर से पहुंचना आम बात है। वहीं अजबपुर के अनिरुद्ध सेमवाल का कहना है कि कभी विक्रम का रूट समझ नहीं आता, तो कभी बस ही मिस हो जाती है।
ऐसे में ये स्मार्ट ऐप उनके जैसे हजारों यात्रियों के लिए बड़ी राहत बनकर आएगा। खासकर स्कूल-कॉलेज के छात्र, ऑफिस जाने वाले लोग और वरिष्ठ नागरिक इससे काफी फायदा उठा पाएंगे।
देहरादून सिटी बस एसोसिएशन के अध्यक्ष विजय वर्धन ने ऐप की सराहना की है। उन्होंने कहा कि इससे यात्रियों और बस संचालकों दोनों को ही लाभ होगा। “जब यात्रियों को पता होगा कि बस कब और कहां मिलेगी, तो वे समय का बेहतर प्रबंधन कर पाएंगे,” उन्होंने कहा।
रीयल-टाइम लोकेशन ट्रैकिंग
रूट प्लानर
फेयर डिटेल्स
स्टॉप अलर्ट
नेविगेशन सुविधा
अब देहरादून की ट्रैफिक व्यवस्था में आने वाला यह डिजिटल बदलाव न केवल समय की बचत करेगा, बल्कि लोगों को पब्लिक ट्रांसपोर्ट के प्रति विश्वास भी दिलाएगा। शहर की सड़कों पर जब टेक्नोलॉजी के पहिये चलेंगे, तो सफर आसान और स्मार्ट हो जाएगा।
तो तैयार हो जाइए, देहरादून की सड़कों पर आने वाली है “स्मार्ट ट्रांसपोर्ट क्रांति” – अब हर सवारी होगी सही जानकारी के साथ