अडानी विंड ने पांच ऊर्जा उत्पादकों से हासिल किए 69.6 मेगावाट के नए ऑर्डर
अडानी न्यू इंडस्ट्रीज की पवन ऊर्जा व्यवसाय इकाई अडानी विंड ने पांच प्रमुख ऊर्जा उत्पादकों से कुल 69.6 मेगावाट (MW) के नए ऑर्डर हासिल करने की घोषणा की है। इस रणनीतिक विकास के साथ ही कंपनी का स्वतंत्र बिजली उत्पादकों (Independent Power Producers) से मिला कुल ऑर्डर बुक 1 गीगावाट (GW) के मील के पत्थर को पार कर गया है, जो घरेलू नवीकरणीय ऊर्जा बाजार में बढ़ते प्रभाव को दर्शाता है।

प्रमुख कंपनियों के साथ हुए नए अनुबंध
हाल ही में मिले इन अनुबंधों में कई जाने-माने कॉर्पोरेट घराने शामिल हैं। आरपी-संजीव गोयनका ग्रुप की कंपनी पुरवाह ग्रीन पावर ने सबसे बड़ा ऑर्डर देते हुए 300 मेगावाट की क्षमता का अनुबंध किया है। इसके अलावा, बीसी जिंदल ग्रुप की जिंदल इंडिया पावर से 155 मेगावाट, एनटीपीसी रिन्यूएबल एनर्जी से 109.2 मेगावाट, आदित्य बिड़ला रिन्यूएबल्स से 82.5 मेगावाट और इंटीग्रम एनर्जी से 49.5 मेगावाट के ऑर्डर प्राप्त हुए हैं।
विभिन्न राज्यों में लगेंगे आधुनिक विंड टरबाइन
इन परियोजनाओं के तहत कर्नाटक, गुजरात और महाराष्ट्र के विभिन्न क्षेत्रों में अत्याधुनिक विंड टरबाइन जनरेटर प्लेटफॉर्म स्थापित किए जाएंगे। इनमें 5.2 मेगावाट, 5 मेगावाट और 3.3 मेगावाट क्षमता वाले टरबाइन शामिल हैं। कर्नाटक के बेल्लारी और दावणगेरे से लेकर गुजरात के कच्छ (खावड़ा) और भुज तथा महाराष्ट्र के नंदुरबार में इन ऊर्जा परियोजनाओं का विस्तार किया जा रहा है।
विनिर्माण क्षमता विस्तार और वैश्विक पहुंच
अडानी विंड गुजरात के मुंद्रा में अपनी मौजूदा 2.25 गीगावाट सालाना विनिर्मित क्षमता को बढ़ाकर 5 गीगावाट करने की योजना पर काम कर रही है, और भविष्य में इसे 10 गीगावाट तक ले जाने का लक्ष्य है। कंपनी की योजना देश की मांग को पूरा करने के साथ-साथ अंतरराष्ट्रीय बाजारों में भी अपनी स्थिति मजबूत करने की है। भारत दुनिया का चौथा सबसे बड़ा पवन ऊर्जा बाजार है, जहां कुल स्थापित क्षमता और विकास के तहत चल रही परियोजनाएं तेजी से आगे बढ़ रही हैं।


