आंध्र प्रदेश से ऑनलाइन निवेश धोखाधड़ी का मुख्य आरोपी गिरफ्तार
साइबर क्राइम पुलिस ने करोड़ों रुपये के ऑनलाइन निवेश घोटाले के मामले में एक मुख्य आरोपी को गिरफ्तार किया है। यह आरोपी लोगों को भारी मुनाफे का लालच देकर ठगने के इस बड़े नेटवर्क से जुड़ा हुआ था।
घोटाले का खुलासा और गिरफ्तारी
पुलिस ने इस मामले में 52 वर्षीय कोनाथला कृष्णा को आंध्र प्रदेश के अनाकापल्ली मंडल से दबोचा है। गिरफ्तारी की कार्रवाई छह अक्टूबर को पूरी की गई, जिसके बाद आरोपी को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया। जांच में सामने आया कि इस घोटाले को अंजाम देने के लिए एक व्हाट्सएप ग्रुप का भी इस्तेमाल किया जा रहा था, जिसमें सदस्यों को फर्जी मुनाफे का झांसा दिया जाता था।
एक सेवानिवृत्त बैंक कर्मचारी भी इस ठगी का शिकार हो गए और उन्होंने अपनी गाढ़ी कमाई गंवा दी। धोखाधड़ी का अहसास होने के बाद उन्होंने वर्ष 2025 में साइबर क्राइम हेल्पलाइन नंबर 1930 पर अपनी शिकायत दर्ज कराई। इसके बाद चेन्नई पुलिस आयुक्त कार्यालय में भी औपचारिक शिकायत दी गई, जिसके आधार पर चेन्नई सेंट्रल क्राइम ब्रांच ने मामला दर्ज कर छानबीन शुरू की।
विशेष टीम का गठन और रिकवरी
फरार चल रहे आरोपी को पकड़ने के लिए पुलिस आयुक्त के निर्देश पर एक विशेष टीम बनाई गई थी। इस टीम ने विशाखापत्तनम में डेरा डालकर निगरानी रखी और आरोपी को धर दबोचा। जांच के दौरान यह भी पता चला कि ठगी गई रकम को कई अलग-अलग बैंक खातों में ट्रांसफर किया गया था। पुलिस अधिकारियों के मुताबिक इस मामले में अब तक लगभग 21 लाख रुपये बरामद किए जा चुके हैं।
साइबर पुलिस की चेतावनी
इस घटना के बाद साइबर अपराध विभाग ने आम जनता के लिए चेतावनी जारी की है। पुलिस ने लोगों को सलाह दी है कि वे अपने बैंक खाते की जानकारी, पासवर्ड, सिम कार्ड और मोबाइल फोन किसी के साथ साझा न करें। अधिकारियों का कहना है कि साइबर अपराधी एजेंटों की मदद से एक बड़ा नेटवर्क चला रहे हैं और कई मामलों में विदेशी धरती से इस तरह के धोखाधड़ी के जाल फैलाए जा रहे हैं।


