मुंबई के मंत्रालय में तीन दिन की मशक्कत के बाद पकड़ा गया चूहा

मुंबई के मंत्रालय में तीन दिन की मशक्कत के बाद पकड़ा गया चूहा

मुंबई स्थित महाराष्ट्र सरकार के मुख्य प्रशासनिक मुख्यालय मंत्रालय में पिछले तीन दिनों से अधिकारियों और सुरक्षाकर्मियों के लिए सिरदर्द बने एक चूहे को अंततः पकड़ लिया गया है। इस चूहे की हरकतों ने प्रशासनिक गलियारों के साथ-साथ सोशल मीडिया पर भी काफी चर्चा बटोरी थी।

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प्रेस रूम से शुरू हुआ था उत्पात

इस चूहे के आतंक की शुरुआत मंत्रालय के प्रेस रूम से हुई थी। जब इसे पहली बार देखा गया, तो इसे पकड़ने के प्रयास तुरंत शुरू कर दिए गए थे। शुरुआती कोशिशों में सफलता न मिलने पर एक विशेष अभियान चलाया गया, जिसके तहत विभिन्न स्थानों पर पिंजरे और खाने-पीने की चीजें रखी गईं। हालांकि, भोजन का लालच दिए जाने के बावजूद यह छोटा चूहा अधिकारियों को लगातार चकमा दे रहा था।

चिपचिपी टेप के इस्तेमाल से मिली सफलता

पिंजरे वाला तरीका विफल होने के बाद अधिकारियों ने एक नई तरकीब अपनाई। पिंजरे की बजाय एक विशेष चिपचिपी टेप का जाल बिछाया गया और उसके ऊपर भोजन रखा गया। यह रणनीति आखिरकार कामयाब रही और चूहा उस चिपचिपी टेप में फंस गया, जिससे तीन दिनों से जारी यह अभियान समाप्त हो गया।

मंत्रालय में पहले भी आ चुका है ऐसा मामला

मंत्रालय में चूहों का यह कोई पहला वाकया नहीं है। इससे पहले साल 2018 में भी चूहों की समस्या के कारण प्रशासन को एक विशेष अभियान चलाना पड़ा था। उस समय सार्वजनिक निर्माण विभाग ने चूहों को पकड़ने के लिए चौबीसों घंटे काम करने वाली एक विशेष टीम तैनात की थी। विधान सभा में भी चूहों की समस्या पर चर्चा हो चुकी है, जहां विभाग ने बताया था कि नियंत्रण के लिए बड़ी संख्या में गोलियों का उपयोग किया गया था।

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