दिल्ली-एनसीआर में सुप्रीम कोर्ट की अनुमति से जलेंगे ग्रीन पटाखे, तय किए गए नियम
सुप्रीम कोर्ट ने दिल्ली और राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (NCR) में वायु प्रदूषण तथा त्योहारों की आवश्यकताओं के बीच संतुलन कायम करने का निर्देश देते हुए ग्रीन पटाखे जलाने की इजाजत दे दी है। शीर्ष अदालत ने अपने पूर्व आदेश के तहत तय समयसीमा के अनुसार ही इन पटाखों के इस्तेमाल की अनुमति प्रदान की है।

पटाखे जलाने के लिए निर्धारित समय
अदालत के निर्देशों के अनुसार, लोग केवल निर्धारित घंटों के भीतर ही ग्रीन पटाखे चला सकेंगे। इसके लिए सुबह 6 बजे से 7 बजे तक और रात में 8 बजे से 10 बजे तक का समय तय किया गया है। इस निश्चित समयावधि के अलावा किसी भी अन्य समय पर पटाखे फोड़ने पर पूरी तरह प्रतिबंध रहेगा।
संवेदनशील क्षेत्रों के पास पूर्ण प्रतिबंध
पर्यावरण और जन स्वास्थ्य की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए सुप्रीम कोर्ट ने स्पष्ट किया है कि कुछ विशेष संस्थानों के 300 मीटर के दायरे में किसी भी तरह के पटाखे जलाने की अनुमति नहीं होगी। इन प्रतिबंधित क्षेत्रों में अस्पताल, नर्सिंग होम, प्राथमिक और जिला स्वास्थ्य केंद्र, वृद्धाश्रम, तथा प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड द्वारा चिन्हित शांत क्षेत्र (साइलेंस जोन) शामिल हैं।
स्कूल और संवेदनशील स्थल बनेंगे ‘नो-क्रैकर जोन’
सभी संवेदनशील स्थलों के साथ-साथ शैक्षणिक संस्थानों यानी स्कूल-कॉलेजों को भी अनिवार्य रूप से ‘नो-क्रैकर जोन’ घोषित किया जाएगा। स्थानीय प्रशासन को यह निर्देश दिए गए हैं कि इन इलाकों में उचित बैरिकेडिंग और मार्किंग की जाए। साथ ही, नियमों के पालन और जन जागरूकता के लिए इसका व्यापक प्रचार-प्रसार सुनिश्चित किया जाए ताकि किसी भी प्रकार के उल्लंघन से बचा जा सके।


