कॉर्बेट से सटे गांवों पर 143 की रोक से ग्रामीण हुए आक्रोशित

कॉर्बेट से सटे गांवों पर 143 की रोक से ग्रामीण हुए आक्रोशित

रामनगर : रामनगर के ग्रामीण मकान बनाने के लिए नक्‍शा नहीं पास करा पा रहे हैं। इसमें आड़े आ रही है 143 कराने की प्रक्रिया । यानि कृषि भूमि को अकृषि कराना उनके लिए मुसीबत बन गया है। नगर के करीब 26 गांव इस समस्‍या से जूझ रहे हैं। रामनगर विकास विकासखंड में कुल 53 ग्राम सभाएं आती हैं, जिनमें से 26 गांवों में कहीं कार्बेट के नाम पर तो कहीं फल पट्टी के नाम पर 143 नहीं की जा रही है। लोगों का आरोप है कि प्रशासन द्वारा मनमाने तरीके से यह फरमान जारी किया गया है।

असल मे पिछले कई सालों से रामनगर के आसपास के लगे बगीचों पर लगे फलदार पेड़ों पर माफियाओं ने आरी चला दी थी। तब जनहित की याचिका पर उच्च न्यायालय के आदेश के बाद प्रशासन ने कृषि भूमि के भू परिवर्तन पर रोक लगा दी थी। दूसरे कॉर्बेट पार्क की सीमा से सटे गॉवों में शासनादेश का हवाला देते हुए इस लिए रोक लगा दी गयी कि इन क्षेत्रों की भूमि का व्‍यावसायिक उपयोग किए जाने से वन्यजीवों एवं पर्यावरण को नुकसान होगा!

प्रशासन से उलट है लोगों की राय 

लोगों का कहना है कि जनहित की याचिका में 143 पर रोक के संदर्भ में हाईकोर्ट नैनीताल का कोई आदेश नहीं है। फल पट्टी वाले मामले में जनहित याचिका संख्या 121/2018 में पारित आदेश 31 अगस्त 2018 के अनुसार मात्र हाउसिंग कॉलोनी के लिए बगीचे वाली भूमि के परिवर्तन पर ही रोक है।

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